दुनिया के 6 ऐसे क्रिकेटर जिन्होने बदला अपना धर्म, लिस्ट में एक भारतीय भी शामिल

पाकिस्तान के पूर्व तेज़ गेंदबाज शोएब अख्तर ने पूर्व क्रिकेटर दानिश कनेरिया को लेकर बड़ा खुलासा किया है. जिसमें उन्होने कहा है कि दानिश कनेरिया को गैरमुस्लिम होने के नाते टीम में भेदभाव का सामना करना पड़ा है. उनके इस बयान के बाद सियासत काफी गर्मा गई है.

जिसके बाद उन खिलाड़ियों को लेकर चर्चा तेज़ हो गई है जिन्होने अपना मूल धर्म त्याग कर दूसरा धर्म अपनाया है. इसमें कई पाकिस्तानी खिलाड़ी शामिल हैं. इस लेख में विश्व क्रिकेट में कई ऐसे खिलाड़ियों के बारे में बात कर रहे हैं जो अपना मूल धर्म त्याग कर कोई दूसरा धर्म अपना चुके हैं.

1. मोहम्मद युसुफ

पाकिस्तान क्रिकेट इतिहास के सफलतम क्रिकेटर्स में गिने जाने वाले मोहम्मद युसुफ ने 2005 अपना मूल धर्म क्रिश्चन को त्यागते हुए इस्लाम धर्म अपना लिया था. इस्लाम धर्म अपनाने से पहले उनका नाम युसुफ योहाना था. जिसके बदलकर उन्होने मोहम्मद युसुफ कर लिया. उन्होने पाकिस्तान की तरफ से 288 वनडे मैच व 90 टेस्ट मैच खेले है.

2. हसन तिलकरत्ने दिलशान

श्रीलंका के उम्दा क्रिकेटर टी दिलशान को कौन नहीं जानता. अपने दिलस्कूप शॉर्ट के जरिये लोगो के दिलों में जगह बनाने वाले दिलशान बौद्ध धर्म के अनुनायी हैं. लेकिन जम्न से वो बौद्ध नहीं थे. दरअसल, उन्होने 1999 में इस्लाम धर्म को त्यागकर बौद्ध धर्म अपना लिया था. उनके पिता मुस्लिम थे और माता बौद्ध. उनका बचपन का नाम तुवान मुहम्मद दिलशान था.

3. वेन पर्नेल

साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज वेन पर्नेल ने जुलाई 2011 में क्रिश्चन धर्म को त्यागकर इस्लाम धर्म को अपनाया. इस्लाम धर्म अपनाने के बाद उन्होने अपना नाम वेन वलीद पर्नेल रख लिया. पर्नेल के नाम 65 वनडे मैचो में 95 विकेट दर्ज है.

4. कृपाल सिंह

कृपाल सिंह धर्म परिवर्तन करने वाले इकलौते भारतीय क्रिकेटर है. वह 1955 से 1964 तक टीम इंडिया का हिस्सा रहे. इस दौरान उन्होने 14 टेस्ट मैच खेले. कृपाल सिंह को एक क्रिस्चियन लड़की से प्यार हो गया था जिससे उन्होंने बाद में शादी कर ली. शादी करने के बाद उन्होंने सिख धर्म को छोड़कर क्रिस्चियन धर्म अपना लिया. कृपाल सिंह का नाम बाद में अर्नोल्ड जॉर्ज हो गया.

5. डेविड शेपार्ड

इंग्लैण्ड के दाएं हाथ के बल्लेबाज शेपार्ड ने अपने पूरे क्रिकेट करियर में कुल 22 टेस्ट मैच खेले जिनमें उन्होंने 1172 रन बनाए. क्रिकेट छोड़नके के बाद वह विशप धर्म की ओर आकर्षित हो गये. और वह क्रिश्चन धर्म छोड़कर विशप धर्म की सेवा में लग गये. उन्हे 1969 में इस धर्म का धर्मअध्यक्ष भी चुना गया. साल 1998 में उन्हें लीवरपूल के सबसे बड़े सम्मान टाइटल बेरन शेपार्ड से सम्मानित किया गया.

6. सूरज रणदीव

दाएं हाथ के ऑफ-ब्रेक गेंदबाज सूरज रणदीव 2011 से 2016 तक श्रीलंकाई टीम का हिस्सा रहे. इस दौरान उन्होने 12 टेस्ट 31 एकदिवसीय मैच खेले. सूरज के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे की इनका जन्म एक इस्लाम परिवार में हुआ था और इनका नाम मोहम्मद मार्शुक मोहम्मद सूरज था. लेकिन बाद में इन्होंने अपने आप को बौद्ध धर्म में परिवर्तित कर दिया और वर्ष 2010 में अपना नाम बदल दिया सूरज रणदीव रख दिया.